#रहम मुझपे तुम करोना.,नही है मुझको कोरोना#

जो लायी है विदेशों से इन अमीरों ने बीमारी

वो पडी है अब हम गरीबो पे भारी

जो फैली है ये कोरोना की महामारी

पैदल की मैने गाँवतक चल के सवारी

पर जब पहुँचा गाँव तो देखा मैने क्या

अंदर जाने का रस्ता मेरे भाईयों ने बंद किया ना

मेरे भाई जरा सुन ना ,मेरे चाचा जरा सुन ना

रहम मुझपे तुम करोना

नही है मुझको कोरोना

जरा रस्ता तु खोल ना

क ई दिनों से  भूखा प्यासा हूँ मै

उस शहर से भी निकाला हुँ मै

किसी ने नकारा

किसी ने डंडो से मारा

अब तो गाँव ही बचा है

मेरा एक ही सहारा

हुँ तुम्हारा ही मै मुझको अपनालो यारो

मुझपे थोडा तरस दिखाओ रास्ता खाली करो

मेरे भाई जरा सुन ना ,मेरे चाचा जरा सुन ना

रहम मुझपे तुम करोना

नही है मुझको कोरोना

जरा रस्ता तु खोल ना

अमीरों के लिए गया हवाई जहाज

और यहाँ हमारे साथ हुआ उलटा हिसाब

सारे देश का कचरा हम साफ है करते

मेहनत से अपना पेट है भरते

अब काम नही तो कैसे जिएँगे

बीमारी से पहले भूखे मरेंगे

थोडी इंसानियत के नाते हमारी मदद करो

पेड पत्थर हटाओ रास्ता खाली करो

मेरे भाई जरा सुन ना ,मेरे चाचा जरा सुन ना

रहम मुझपे तुम करोना

नही है मुझको कोरोना

जरा रस्ता तु खोल ना

ना है देने को किराया

ना है पेट को सहारा

तुम आने नही दोगे तो

करेंगे कैसे गुजारा

ना हमसे डरोना

नही है हमको कोरोना

जुल्म ऐसे करो ना

रास्ता खाली करोना

हम तुम्हारे ही है ना दुजाभाव करो

भगवान के लिए रास्ता खाली करो

मेरे भाई जरा सुन ना ,मेरे चाचा जरा सुन ना

रहम मुझपे तुम करोना

नही है मुझको कोरोना

जरा रस्ता तु खोल ना

यार कैसी ये बीमारी

लायी अपनों में दूरी

बंगलों मे छुपी है अमीरी

सडको छायी भूखमरी

समझो हमारी मजबूरी

सबका साथ है जरूरी

ना साथ छोडोना  , हमसे बात करोना

सुन लो बिनती हमारी , रास्ता खाली करोना

मेरे भाई जरा सुन ना ,मेरे चाचा जरा सुन ना

रहम मुझपे तुम करोना

नही है मुझको कोरोना

जरा रस्ता तु खोल ना

Leave a Reply

This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.

%d bloggers like this: